साहित्य

माँ तेरे इस प्यार को

माँ तेरे इस प्यार को

माँ वीणा की तार है, माँ है फूल बहार । माँ ही लय, माँ ताल है, जीवन की झंकार ।।

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पृथ्वी दिवस विशेष: पृथ्वी हर आदमी की जरूरत को पूरा कर सकती है, लालच को नहीं

पृथ्वी दिवस विशेष: पृथ्वी हर आदमी की जरूरत को पूरा कर सकती...

इसी दृष्टि से प्रत्येक वर्ष 22 अप्रैल को अंतर्राष्ट्रीय पृथ्वी दिवस के रूप में मनाया...

कविता: बस तू विश्वास रख खुद पर

कविता: बस तू विश्वास रख खुद पर

देख अपने मन की गहराइयों में एक बार वो जिसे तू खोज रहा है वो तेरे अंदर ही तो है ...

भारत छोड़ो आंदोलन, पूर्ण स्वतंत्रता के विरोधी, दबे-कुचले वर्गों के मसीहा अंबेडकर

भारत छोड़ो आंदोलन, पूर्ण स्वतंत्रता के विरोधी, दबे-कुचले...

अम्बेडकर जी ने कांग्रेस के पूर्ण स्वतंत्रता के प्रस्ताव को ठुकरा दिया। उन्होंने...